शिक्षा संसाधन - गुरु नानक

गुरु नानक के ९२८ सबदों पर आधारित शैक्षिक सामग्री जून २०२५ से दिसंबर २०२८ के बीच चरणबद्ध तरीके से जारी की जा रही है।

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गुरु नानक सबद (४१-६०)

गुरु नानक – सबद ४१

पवणु गुरू पाणी पिता माता धरति महतु ॥

जपु, गुरु नानक, गुरु ग्रंथ साहिब, ८

गुरु नानक – सबद ४२

मोती त मंदर ऊसरहि रतनी त होहि जड़ाउ ॥

रागु सिरिरागु, गुरु नानक, गुरु ग्रंथ साहिब, १४

गुरु नानक – सबद ४३

कोटि कोटी मेरी आरजा पवण पीअण अपिआउ ॥

रागु सिरिरागु, गुरु नानक, गुरु ग्रंथ साहिब, १४

गुरु नानक – सबद ४४

लेखै बोलणु बोलणा लेखै खाणा खाउ ॥

रागु सिरिरागु, गुरु नानक, गुरु ग्रंथ साहिब, १५

गुरु नानक – सबद ४५

लबु कुता कूड़ु चूहड़ा ठगि खाधा मुरदारु ॥

रागु सिरिरागु, गुरु नानक, गुरु ग्रंथ साहिब, १५

गुरु नानक – सबद ४६

अमलु गलोला कूड़ का दिता देवणहारि ॥

रागु सिरिरागु, गुरु नानक, गुरु ग्रंथ साहिब, १५

गुरु नानक – सबद ४७

जालि मोहु घसि मसु करि मति कागदु करि सारु ॥

रागु सिरिरागु, गुरु नानक, गुरु ग्रंथ साहिब, १६

गुरु नानक – सबद ४८

सभि रस मिठे मंनिऐ सुणिऐ सालोणे ॥

रागु सिरिरागु, गुरु नानक, गुरु ग्रंथ साहिब, १६

गुरु नानक – सबद ४९

कुंगू की कांइआ रतना की ललिता अगर वास तन सास ॥

रागु सिरिरागु, गुरु नानक, गुरु ग्रंथ साहिब, १७

गुरु नानक – सबद ५०

गुणवंती गुण वीथरै अउगुणवंती झूरि ॥

रागु सिरिरागु, गुरु नानक, गुरु ग्रंथ साहिब, १७

गुरु नानक – सबद ५१

आवहु भैणे गलि मिलह अंकि सहेलड़ीआह ॥

रागु सिरिरागु, गुरु नानक, गुरु ग्रंथ साहिब, १७

गुरु नानक – सबद ५२

भली सरी जि उबरी हउमै मुई घराहु ॥

रागु सिरिरागु, गुरु नानक, गुरु ग्रंथ साहिब, १८

गुरु नानक – सबद ५३

धातु मिलै फुनि धातु कउ सिफती सिफति समाइ ॥

रागु सिरिरागु, गुरु नानक, गुरु ग्रंथ साहिब, १८

गुरु नानक – सबद ५४

ध्रिगु जीवणु दोहागणी मुठी दूजै भाइ ॥

रागु सिरिरागु, गुरु नानक, गुरु ग्रंथ साहिब, १८

गुरु नानक – सबद ५५

सुंञी देह डरावणी जा जीउ विचहु जाइ ॥

रागु सिरिरागु, गुरु नानक, गुरु ग्रंथ साहिब, १९

गुरु नानक – सबद ५६

तनु जलि बलि माटी भइआ मनु माइआ मोहि मनूरु ॥

रागु सिरिरागु, गुरु नानक, गुरु ग्रंथ साहिब, १९

गुरु नानक – सबद ५७

नानक बेड़ी सच की तरीऐ गुर वीचारि ॥

रागु सिरिरागु, गुरु नानक, गुरु ग्रंथ साहिब, २०

गुरु नानक – सबद ५८

सुणि मन मित्र पिआरिआ मिलु वेला है एह ॥

रागु सिरिरागु, गुरु नानक, गुरु ग्रंथ साहिब, २०

गुरु नानक – सबद ५९

मरणै की चिंता नही जीवण की नही आस ॥

रागु सिरिरागु, गुरु नानक, गुरु ग्रंथ साहिब, २१

गुरु नानक – सबद ६०

एहु मनो मूरखु लोभीआ लोभे लगा लुभानु ॥

रागु सिरिरागु, गुरु नानक, गुरु ग्रंथ साहिब, २१